सातवीं कक्षा के एक छात्र ने सप्ताह भर पहले सोशल साइट पर मैसेज डालकर क्लास टीचर एवं उनकी बेटी के साथ दुष्कर्म करने की धमकी दी थी। धमकी उसने क्यों दी? इस बारे में प्रबंधन कुछ बोलने को तैयार नहीं है। इसी स्कूल के आठवीं कक्षा के एक छात्र ने गत 22 जनवरी को एक टीचर को ईमेल भेजकर संबंध बनाने का ऑफर दिया था। दोनों में से किसी भी मामले की शिकायत थाने में नहीं की गई। इससे साफ जाहिर है कि प्रबंधन ने पूरे मामले को दबाने का प्रयास किया। बता दें कि इस तरह की शिकायतें पहले भी कई स्कूलों में सामने आ चुकी हैं। बदनामी न हो इसके लिए स्कूल इस तरह के मामलों को दबा देते है।

टीवी एवं मोबाइल को बढ़ावा देना काफी खतरनाक साबित होने लगा है। पहले टीनएजर्स गलत दिशा में जाने से पहले दस बार सोचते थे। अब इतना खुलापन आ गया है कि वे सार्वजनिक रूप से अपनी बात रखने लगे हैं। मोबाइल पर बच्चे क्या देखते हैं, इसकी कल्पना भी नहीं कर सकते। स्कूलों में बच्चों की काउंसि¨लग पर विशेष ध्यान देने आवश्यकता है।

– स्क्वाड्रन लीडर (रिटा.) प्रो. केएन शर्मा, शिक्षाविद

इस मामले में स्कूल को नोटिस भेजा जाएगा और कहा जाएगा कि वे स्टाफ एवं बच्चों के लिए काउंस¨लग का आयोजन करवाएं। इधर जिला पुलिस के प्रवक्ता का कहना है कि इस मामले पर नजर रखी जा रही है। वैसे पुलिस केपास मामले से संबंधित कोई शिकायत नहीं पहुंची।