
ममता ने शुक्रवार को कोलकाता में कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी इस मामले में हस्तक्षेप करें और सुनिश्चित करें कि कानून तुरंत वापस लिया जाए। कहा कि प्रधानमंत्री ने नागरिकता संशोधन विधेयक पर मतविभाजन में हिस्सा नहीं लिया जिसका मतलब है कि वह इसका समर्थन नहीं करते, उन्हें संशोधित नागरिकता कानून को वापस लेना चाहिए।
उन्होंने कहा कि ‘अगर नागरिकता कानून इतना अच्छा है तो पीएम मोदी जी आपने वोट क्यों नहीं डाला? आप दो दिन संसद में थे, लेकिन जब आपने वोट नहीं डाला तो मुझे ये अंदाजा है कि आप भी इस कानून का समर्थन नहीं करते।’
ममता ने भाजपा की मोदी सरकार पर हमलावर होते हुए कहा कि सबको भगाने की साजिश रचने वाले एक दिन खुद भाग जाएंगे। भाजपा यह सोचकर एक के बाद एक राजनीतिक एजेंडा थोप रही है कि लोग शांति पसंद हैं। भाजपा राष्ट्रवाद की बातें करती है, गांधीजी, नेताजी ने जब भारत के लिए संघर्ष किया था तब पार्टी नहीं थी।



